भाभी की ख़ूशबूदार चूत मारी

desi bhabhi sex stories  में इस साईट का नियमित पाठक हूँ। मेरा नाम हिमांशु है, मेरी उम्र 28 साल है। मेरी सामने वाली भाभी का नाम रश्मि है, उनकी उम्र 27 साल है, वो गोरी, मोटी गांड वाली औरत है, उनकी हाईट करीब 5 फुट 4 इंच है। मेरे भैया हमेशा काम में बिज़ी रहते … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -48

hindi chudai ki kahani अध्याय 48 सभी ओर खुशिया फैली हुई थी वही जंगल के एक पत्थर पर बैठा वो शख्स बड़ा ही गंभीर लग रहा था,अभिषेक भी वही था जो बहुत ही खुश दिख रहा था , “मेरी तो फट ही गयी थी जब मुझे ये पता चला की धनुष और निधि ने शादी कर … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -47

desi sex stories अध्याय 47 तेज गाड़ियों का काफिला तिवारियो के बंगले पर पहुच चूका था,ये बंगला कम और कोई किला सा ज्यादा लग रहा था,चारो ओर बस बंदूक लिए लोग मौजूद थे ,जो बस किसी के इशारे के इंतजार में थे की एक इशारा और गोलियों की बौछार हो जाय,बंगले के बाहर सभी गाड़िया रुक … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -46

chodan अध्याय 46 इधर डॉ बाली से बात करके तिवारियो की सच्चाई से परिचित करता है,पर बाली वो बात मानने को तैयार ही नही था, “मैं ये मान ही नही सकता की मेरे भैया भाभी को तिवारियो ने नही मारा है मैं जानता हु की तुम बस मुझे बहलाने को ये सब कह रहे हो ,तिवारियो … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -45

hot kahani अध्याय 45 अजय के प्लान पर अमल होना शुरू हो गया और उसका रिजल्ट बहुत जल्द ही दिखाना शुरू हो गया, पहली चीज जो हुई वो थी तिवारियो के परिवार से एक नए नेता का उदय एक ऐसा नेता जो सचमे ही दुसरो के दुखो को सुनता समझता और उसे हल करने की पुरजोर … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -44

hindi sex stories अध्याय 44 शहर का एक आलीशान बार जो तिवारियो का था ,एक पर्सनल कमरे में एक सोफे पर महेंद्र बैठा था,पास ही बजरंगी भी बैठा था,तभी कमरे में अजय विजय और कलवा आते है,सभी को देखकर महेंद्र खड़ा हो जाता है और सभी से गले मिलता है, सभी बैठकर बातें करने लगते है … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -43

chodan अध्याय 43 वक्त निकलने लगा था और निधि और सुमन दोनो ही कॉलेज जाने लगे थे ,विजय उनको छोड़ने और लेने जाता था लेकिन उसे काव्या से मिलने का मौका ही नही मिल पता,उसने देखा उसका नम्बर लिया और उससे बातें करने लगा,दोनो रात को घंटो ही बाते किया करते थे,लेकिन उससे आगे बढ़ने का … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -42

antarvasna अध्याय 42 अब थोड़ा आते है रेणुका और बनवारी की कहानी पर, बनवारी गांव का एक सीधा साधा से लेकिन मजबूत लड़का था,अपने खेतो में वो बैलो की तरह मेहनत करता,अपनी सौतेली मा के तानो को नजरअंदाज कर अपने काम को मन लगा कर करने वाले बनवारी की ऐसे तो कोई भी बुरी आदत नही … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -41

hindi porn stories अध्याय 41 अजय अपने कमरे में बैठा बेचैन से इधर उधर झांक रहा था,निधि उसे ध्यान से देख रही थी,वो अपने हाथों में मोबाइल पकड़े कुछ सोच रहा था बेचैन सा था, “क्या हुआ भईया, आप यू क्यो परेशान हो” “ कुछ नहीं यार बस सोच रहा हूं कि दोनों परिवार को कैसे … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -40

kamukta अध्याय 40 सभी अंदर गए काव्या सभी को देख कर खड़े हो गई, विजय की आंखें जैसे ही काव्य के ऊपर गई उसके होठों पर एक मुस्कुराहट आ गई, दोनों की नजरें मिली लेकिन काव्या बहुत डरी हुई थी, ठाकुरों और तिवारियो की लड़ाई के बारे में उसे पता था जिसके कारण वह घबराई हुई … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -39

kamukta अध्याय 39 सुबह सुबह निधि जल्दी से तैयार हुई आज उसके कॉलेज का पहला दिन था..वही साथ ही सुमन को भी जाना था,दोनो ही तैयार थे ,उन्हें पहुचने के लिए बड़े ताम झाम किये गए थे,अजय ,विजय,कलवा और चम्पा साथ जाने वाले थे…चम्पा सुमन और किशन पर नजर रखने के लिए वहां जा रही थी … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -38

chodan अध्याय 38 अजय की नींद निधि के हिलाने से खुली,अभी सुबह नही हुई थी पर निधि की कसमसाहट से अजय के लिंग जो की अब भी निधि के योनि में फसा था,कुछ गुदगुदी दी हुई,दोनो की नींद टूट चुकी थी ,दोनो ने एक दूजे को देखा,क्या सुबह थी वो,… ये नया अहसास था दोनो के … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -37

Sex stories in hindi अध्याय 37 निधि आज अजय के कमरे में नही गयी,उसे जाने क्यो कुछ डर सा लग रहा था,डर किससे अपने ही भाई से,क्यो जिसे वो इतना प्यार करती है जो उसे इतना प्यार करता है उससे क्या डर था निधि को, लेकिन उसका दिल आज अजय के नाम से ही जोरो से … Continue..

जिम्मेदारी (कुछ नयी कुछ पुरानी) -36

chodan अध्याय 36 किशन अपनी प्रेमिका के गले में हाथ डाले अपनी ही दुनिया में मगन अपने कमरे में बैठा था ,सुमन और किशन दोनो के बीच का प्यार अपने परवाने चढ़ने लगा था ,दोनो एक दूजे के हमेशा पास रहना चाहते थे ,किशन उसके गालो को चूमता है , “क्यो अब तो तुम ये नही … Continue..