बीमा कम्पनी की एजेंट को चोदा

हैल्लो दोस्तों,  मेरा नाम समीर है और मेरी उम्र 24 साल है और में मुंबई शहर के थाने नाम के इलाके में रहता हूँ और मैंने अभी कुछ समय पहले ही अपनी पढ़ाई पूरी की है और अब में एक सरकारी नौकरी कर रहा हूँ, लेकिन मेरी पहली कहानी मेरे साथ काम करने वाली लड़की ममता के साथ थी जिसमे मैंने उसे फंसाकर बहुत चोदा.

दोस्तों में आज इस कहानी में आप सभी को बताऊंगा कि कैसे मैंने एक एजेंट को पटाया और उसे किस तरह से चोदा और में आप सभी से वादा करता हूँ कि यह मेरा सेक्स अनुभव आप लोगों को बहुत पसंद आएगा. दोस्तों में अपनी कॉलेज लाईफ तक बहुत शर्मीले स्वभाव का था, लेकिन मेरी नौकरी पर लगने के बाद में बहुत खुल गया खास करके लड़कियों के मामलो में. मेरी बॉडी दिखने में ठीक ठाक है और मेरा कलर साफ है. मेरे लंड का साईज़ 7 इंच है. दोस्तों यह घटना अभी कुछ ही दिनों पहले घटी है और इस वक़्त मैंने एक आंटी को चोदा है. मेरा पहला सेक्स अनुभव ममता से हुआ, वो करीब करीब मेरी ही उम्र की थी. तो एक दिन मुझे एक आंटी का कॉल आया जो कि एक जीवन बीमा कम्पनी की एजेंट थी और उसने मुझे फोन पर जीवन बीमा के बारे में बहुत कुछ बताया, लेकिन मुझे जीवन बीमा के बारे में सब कुछ पता था फिर भी मैंने उससे बहुत सारी जानकारी ली.

तो कुछ देर के बाद उसने मुझसे मेरी जन्मदिन की तारीख माँगी और फिर मैंने उसे अपनी जन्मदिन की तारीख बताई और फिर उसने कहा वो मुझे शाम को वापस कॉल करेंगी और मुझे मेरी उम्र के हिसाब से कोई अच्छी ठीक ठाक पॉलिसी बताएगी. तो मैंने उसका नाम पूछा, उसने अपना नाम निशा बताया और फिर मैंने कहा कि में आपके फोन का इंतजार करूंगा और में मन ही मन सोचने लगा कि में कैसे इसे अपनी और आकर्षित करूं और मैंने सोच लिया कि जब वो मुझे आज शाम को कॉल करेगी तो में उससे उसकी पर्सनल लाईफ के बारे में पूछूँगा. तो उसने मुझे शाम को कॉल किया और उसने मुझसे कहा कि मैंने तुम्हारे लिए एक प्लान बनाया है जिसमे जीवन बीमा का प्रीमियम और कुछ उससे सम्बन्धित जानकारियां है. तो मैंने कहा कि सबसे पहले यह बताओ कि तुम रहती कहाँ हो? तो उसने कहा कि में डोम्बीवली में रहती हूँ. तो उसने कहा कि क्या तुम मुझे कल मिल सकते हो डोम्बीवली स्टेशन पर ताकि में तुम्हे प्रीमियम और कुछ उससे सम्बन्धित जानकारियां बता सकूं? में तो यही चाहता था और फिर मैंने उससे कहा कि में तुम्हारी बातें पर कैसे विश्वास करूं? तो उसने कहा कि में एक बहुत बड़ी और जानीमानी कम्पनी की एजेंट हूँ और उसने कहा कि तुम मुझसे जो भी पूछना चाहते हो वो पूछ सकते हो.

फिर मैंने कहा कि तुम्हारी उम्र क्या है? तो उसने कहा कि मेरी उम्र 33 साल है और फिर मैंने कहा कि क्या तुम्हारी शादी हो चुकी है या फिर तुम कुवारीं हो? तो उसने कहा कि वो एक शादीशुदा औरत है और उसकी शादी को 8 साल हो चुके है और मैंने 15-20 मिनट उस दिन उसके साथ ऐसे ही टाईम पास किया. फिर उसने कहा कि तुम कल 11 बजे मुझे डोम्बीवली स्टेशन पर मिलो, लेकिन में तो सिर्फ यही सोच रहा था कि वो दिखती कैसी होगी और में उसे कैसे पटाऊंगा? और उसके अगले दिन में उसे बाईक पर थाने से डोम्बीवली स्टेशन पर मिलने गया, मैंने उसे कॉल किया और अपनी शर्ट और पेंट का कलर बताया ताकि वो मुझे आसानी से पहचान सके और थोड़ी ही देर में उसने पीछे से आकर मुझे ही कहा क्यों इतनी देर से मेरा ही इंतजार था ना तुम्हे? तो में उसे देखकर एकदम दंग रह गया और में उसकी नजरों में खो सा गया. मैंने उसकी बात का कोई भी जवाब नहीं दिया, लेकिन कुछ देर बाद उसने अपनी नजर मुझसे चुरा ली, वो एकदम हॉट, सेक्सी दिखती थी. उसके बूब्स बहुत बड़े थे और वो सलवार कमीज़ में थी.

तो मैंने उससे कहा कि चलो हम अब स्टेशन के बाहर चलते है ताकि तुम मुझे अच्छे से पॉलिसी समझा सको और फिर उसने बाहर आकर मुझे अपना पॉलिसी प्लान बताया. मेरा ध्यान तो अभी भी कहीं और ही था. तो वो 10-15 मिनट के बाद मुझसे पॉलिसी के बारे में बात करती है. तो मैंने कहा कि तुम और क्या काम करती हो? उसने कहा कि में एक कंपनी में अकाउंटेंट भी हूँ और में यह काम पार्ट टाईम करती हूँ. तो मैंने उससे पूछा कि तुम काम तो बहुत अच्छा करती हो और तुम इतना कमा रही हो और तुम्हारा पति भी अच्छा कमाता होगा.

मेरी यह बात सुनकर वो एकदम गुस्से में आ गयी और उसने कहा कि मेरा पति कुछ काम नहीं करता है वो तो सारा दिन शराब पीता है. तो मैंने उससे सॉरी कहा, फिर मैंने उससे सीधे बोल दिया कि मेरी तुम्हारी इस पॉलिसी में कोई रूचि नहीं है, मुझे सिर्फ तुमसे दोस्ती करने में रूचि है. तो वो यह सब बात सुनकर बिल्कुल हैरान हो गयी और उसने कहा कि उसे यह सब काम अच्छा नहीं लगता है और वो वहां से जाने लगी. तो मैंने उसके पीछे जाकर उससे कहा कि में तुम्हारा एक बहुत अच्छा दोस्त बन सकता हूँ. तो उसने बोला कि नहीं यह सब ठीक नहीं है और अगर मेरे पति को पता चलेगा तो मुझे सबके सामने मरेगा.

तो मैंने कहा कि तुम डरो मत, ऐसा कुछ नहीं होगा. तुम खुद मेहनत करके कमाती हो और यह एक तुम्हारा हक है. यह सुनकर वो थोड़ा बे चिंता हुई और फिर मैंने कहा कि चलो हम कहीं चलते है और में उसे अपनी बाइक पर बैठाकर कुछ दूर ले गया और वहां पर हम एक गार्डन में बैठ गये. फिर मैंने उसे अपने बारे में बताया और उससे बात करके मुझे पता चला कि वो बहुत परेशान औरत है और उसकी शादीशुदा लाईफ बहुत बुरी चल रही थी. तो मैंने सोचा कि यह वक़्त सही नहीं है उससे इस बारे में बात करने का और इस तरह हम दो महीने तक हर रविवार को मिलने लगे और बहुत बहुत ही कम समय में एक अच्छे दोस्त बन गये और बाकी के दिन हम फोन पर ही बात करते थे.

फिर मैंने एक दिन फोन पर हिम्मत करके उससे कह दिया कि सेक्स लाइफ कैसी है? वो पहले यह बात सुनकर कुछ वक़्त के लिए एकदम चुप हो गयी और फिर उसने कहा कि प्लीज मुझसे यह सब मत पूछो? तो मैंने कहा कि मुझे लगता है तुम अपनी सेक्स लाईफ को लेकर बहुत परेशान हो और उसका कारण तुम्हारी यह शादीशुदा लाईफ है.

उसने कहा कि उसका पति सिर्फ़ शराब पीता है और उसे ज़रा भी टाइम नहीं देता है और मुझे अभी तक कोई भी औलाद नहीं हुई है और फिर झट से उसका हाथ अपने हाथों में ले लिया और उसकी नजरों में नजरें डालकर मैंने उससे कहा कि अगर तुम बुरा ना मानो तो में कुछ टाईम के लिए तुम्हारा पति बन सकता हूँ और तुम्हे खुश कर सकता हूँ. तो उसने कहा कि लेकिन यह सब बहुत ग़लत होगा और अब तो मुझे यह सब सोचने में भी डर लगता है और फिर मैंने उसे समझाया कि हम दोनों एकदम सुरक्षित रहकर यह सब करेंगे.

वो मेरे थोड़ा ज़ोर देने पर मान गयी, मैंने उससे कहा कि में इस सप्ताह के आखरी में कोई रूम का इंतजाम करता हूँ और उसी सप्ताह में शनिवार को मैंने एक रूम का इंतजाम किया और यह रूम मेरे एक दोस्त का था, जो मुंबई के पास में रहता है और यह उसका गेस्ट हाऊस टाईप रूम था और बहुत शांत जगह पर था. तो मैंने निशा को फोन पर सब बता दिया और उसे शनिवार को 12 बजे मुंबई आने को कहा और फिर उसने भी हाँ कहा और शनिवार को वो कुछ दूरी तक बस से आई और फिर में उसके बाद में उसे फ्लेट तक अपनी बाईक पर लेने गया और जैसे ही में उससे मिला तो उस दिन मैंने उससे कहा कि क्या तुम यह सब करने के लिए तैयार हो? तुम्हे अगर कुछ समस्या हो तो अभी बोल दो. तो उसने कहा कि वो तैयार है और उसने यह निर्णय बहुत सोच समझकर लिया है.

फिर क्या था? में उसे बाईक पर बैठाकर फ्लेट तक ले आया और जैसे ही वो अंदर घुसी तो मैंने सभी खिड़की और दरवाजे अच्छी तरह से बंद कर दिया और एसी चालू कर दिया और में एक भूखे शेर की तरह उसके बूब्स दबाने लगा. तो उसने कहा कि प्लीज़ थोड़ा आराम से करो. उस वक़्त करीब 12.30 बजे थे और में करीब 10-15 मिनट तक सिर्फ उसके बूब्स दबाता रहा और फिर मैंने उससे कहा कि प्लीज मेरा लंड चूसो. तो उसने पहले मना कर दिया और कहा कि यह सब काम मुझे बिल्कुल भी अच्छे नहीं लगते और मैंने अपने पति के साथ भी यह सब कभी नहीं किया.

मैंने कहा कि इसमें बहुत मज़ा आता है और मेरे कुछ देर समझाने पर वो मान गयी और पहले मैंने उससे कहा कि तुम मेरा लंड पेंट के ऊपर से हाथ से सहलाती रहो और फिर उसने ऐसा ही किया. फिर मैंने अपनी पेंट और अंडरवियर उतार दी और मेरा 7 इंच का लंड एकदम से आज़ाद हुआ, लेकिन निशा उसे देखकर एकदम चकित हो गयी. मैंने कहा कि अब इसे मुहं में लेकर आराम से चूसो और मैंने उसे 30-40 मिनट तक हर तरह से अपना लंड चुसवाया चटवाया. तो कुछ देर बाद वो खुद लेट गयी और मेरे लंड को लोलीपोप की तरह चूस रही थी.

फिर मैंने फिर निशा का कुर्ता उतार दिया, उसने सफेद कलर का गोल आकार की ब्रा पहनी हुई थी और मैंने कुछ ही सेकेंड में उसके सारे हुक खोल दिए और मैंने देखा कि उसके बूब्स मस्त थे. फिर में दोनों हाथों से उन्हे ज़ोर ज़ोर से दबाता रहा और कुछ देर के बाद मैंने बूब्स को चूसना शुरू किया और करीब 20 मिनट तक उनसे खेलता रहा. सिर्फ़ इतना ही सब करने पर हमें करीब दो घंटे लग गये. तो उसके बाद मैंने उसके बूब्स को दबाना सहलाना शुरू कर दिया और अब वो सिसकियाँ लेने लगी शायद वो अब पूरी तरह से गरम हो चुकी थी उसकी सिसकियों की आवाज पूरे कमरे में गूंजने लगी और फिर मैंने ज्यादा देर ना करते हुए उसको सीधा लेटा दिया और लंड को चूत पर रगड़ने लगा. तो वो मुझसे कहने लगी कि प्लीज अब और मत तड़पाओ, प्लीज मेरी इस चूत को आज ठंडा कर दो.

में उसकी यह बात सुनकर जोश में आ गया और एक ही धक्के में लंड को चूत की गहराईयों में पहुंचाकर ज़ोर ज़ोर से धक्के देकर चोदने लगा, लेकिन मेरी इस चुदाई के दर्द की वजह से उसकी हालत बहुत खराब थी. क्योंकि उसकी चूत एक तो बहुत समय के बाद लंड का स्वाद ले रही थी और दूसरा मेरा लंड उसके पति के लंड से ज्यादा मोटा था और में उसे बिना देखे चोदता रहा, लेकिन कुछ देर की चुदाई के बाद उसकी चूत ने मेरे लंड को अपना बना लिया था और अब वो अपनी गांड को उठा उठाकर मेरे लंड को अपनी चूत के आखरी छोर तक लेने की कोशिश कर रही थी और इसी कोशिश में वो कब झड़ गई, उसे खुद को भी मालूम नहीं पड़ा और उसके कुछ देर बाद ही में भी उसकी चूत की गहराईयों में झड़ गया. फिर हम दोनों ने कपड़े पहने और उसे उसके घर के पास छोड़कर अपने घर आ गया.